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The Faithbook Blog


निश्चय-व्यवहार
जिनशासन की एक अनुपम विशेषता है – धर्म (या गुण) के निश्चय और व्यवहार, ऐसे दो प्रकार बताए गए हैं। आत्मा में प्रकट होने वाला गुण (या नाश होने वाला दोष) – वह निश्चय है। उसे प्रकट करने के लिए आवश्यक ऐसी बाहरी क्रिया, या यदि गुण प्रकट ही हो, तो उससे स्वाभाविक रूप से बाहर होती हुई क्रिया – वह व्यवहार है। दृष्टांतों से यह विषय स्पष्ट होगा। व्यवहार नय ऐसा कहेगा कि जो साधु का वेश पहनता है, जिसमें साधु के आचारों का पालन दिखता है, वह साधु है। निश्चय नय ऐसा कहेगा कि जिसमें महाव्रतों के पा

Pujya Panyas Shri Bhavyasundar Vijayji Maharaj
May 136 min read


जैनत्व वेदना… जैनत्व संवेदना… Part 1
चेन्नई से मुम्बई की ओर विहार चल रहा है। बीच में आंध्रप्रदेश और तेलंगाना होते हुए महाराष्ट्र में आ चुके है। आंध्रप्रदेश के हर गाँव के बाहर चर्चो को देखकर बड़ा आश्चर्य हुआ। जानकारी लेने पर पता चला की, पूर्व मुख्यमंत्री जगन रेड्डी क्रीश्चन धर्म में कन्वर्ट हुआ और फिर पूरे आंध्र का कन्वर्जन करने में उसने पूरा सहयोग दिया। मुंबई के बाहरी इलाकों में एक गाँव है, जहाँ पर अपनी एक जैन संस्था ने अनाथ बच्चों का आश्रम बनाने के लिए जब जगह लेने की कोशिश की, तो एक काला सच सामने आया। आज भारत म

Panyas Shri Nirmohsundar Vijayji Maharaj Saheb
Apr 226 min read


अभी भी सोना है? तो बाद में रोना है...
यहाँ पर कुछ घटनाएँ एवं उन घटनाओं के घटित होने का समय बताया जा रहा है। इन घटनाओं का निष्कर्ष एवं भविष्य की संभावनाएँ भी साथ में प्रकाशित कर रहे हैं। 1. दिसंबर 2024: छत्तीसगढ़- रायपुर, लाभांडी स्थित दिगंबर जैन मंदिर में से चोर लोग, भगवान की मूर्ति छोड़कर बहुत सारा कीमती सामान चुराकर ले गए - गहने, भंडार (दानपेटी) इत्यादि। 2. अगस्त 2025 राजस्थान- अलवर, जैन मंदिर में से चाँदी के छत्र, अन्य कीमती सामान तथा लाखों रुपयों की संपदा चोर चुराकर ले गए। ये वही मंदिर है जहाँ से पहले भी अ

Panyas Shri Nirmohsundar Vijayji Maharaj Saheb
Mar 1912 min read


अति सूक्ष्म आचार-निरूपण
प्रभु के शासन में आचारों का जो अति-सूक्ष्म निरूपण है, वह रोमांच खड़ा कर देने वाला है। साधु भगवंत को विहार करना होता है, उसकी विधि शास्त्र में बताई गई है। उसमें कितना सूक्ष्मताभरा निरूपण है ! देखिए एक रास्ता पत्थरोंवाला हो, दूसरा रास्ता धूलवाला हो... तो किस रास्ते पर जाना चाहिए ? एक रास्ते पर पानी हो, दूसरे रास्ते पर घास हो... तो किस रास्ते पर जाना चाहिए ? ऐसे ढेर सारे विकल्प दिखाकर, उनमें से किस रास्ते पर जाना चाहिए – वह बताया गया है। विहार कब (किस समय) करना चाहिए ? कौनसे संय

Pujya Panyas Shri Bhavyasundar Vijayji Maharaj
Mar 122 min read


धार्मिक प्रसंगों में आडंबर पर Control क्यों नहीं ?
प्रश्न: जब विवाह जैसे सांसारिक प्रसंगों को सादगी से मनाने की प्रेरणा दी जाती है, तो फिर धर्मगुरु धार्मिक प्रसंगों में होने वाले इतने अधिक खर्च और आडंबर पर Control क्यों नहीं रखते? उत्तर: खर्च और आडंबर मुख्यतः दो प्रकार के होते हैं — 1. व्यक्ति-केन्द्रित 2. भक्ति-केन्द्रित व्यक्तिगत प्रशंसा, किसी साधु-साध्वी या गृहस्थ की वाह-वाह के लिए किया गया खर्च धर्मसम्मत नहीं माना जाता। ऐसी दिखावटी प्रवृत्ति को परमात्मा का शासन कभी स्वीकार नहीं करता। लेकिन जो खर्च या आयोजन जैन-अजैन भ

Muni Shri Tripadiratna Vijayji Maharaj Saheb
Feb 183 min read


चरण-स्पर्श का महत्व
भारतीय परंपरा में ‘चरण-स्पर्श’ का इतना गहरा महत्व क्यों है? चाहे परमात्मा हों, सद्गुरु हों,या माता-पिता जैसे हमारे बुज़ुर्ग हों — सबके ‘चरण-स्पर्श’ का उल्लेख हमारे कल्चर में बार-बार आता है। दिवाली जैसे पर्वों पर माता-पिता के चरण स्पर्श कर उनके आशीर्वाद लेने की परंपरा होती है... अंजनशलाका जैसे मंगल विधानों में “अनंत गुरुपादुकेभ्यो नमः” के माध्यम से सद्गुरु के ‘चरण-वंदन’ की ही बात आती है... जब हम शत्रुंजय जाते हैं — पाँच चैत्यवंदन करते हैं, दादा आदिनाथ का चैत्यवंदन करते हैं, फ

Muni Shri Tripadiratna Vijayji Maharaj Saheb
Nov 18, 20252 min read


गुणपूजा - व्यक्तिपूजा नहीं
जिनशासन की एक अद्भुत विशेषता है - जिनशासन गुण को महान मानता है, व्यक्ति को नहीं। व्यक्ति की महानता भी गुण के कारण ही होती है। इस विषय को...

Pujya Panyas Shri Bhavyasundar Vijayji Maharaj
Oct 1, 20253 min read


कहानी कुरबानी की - 6
दलीचंद जैन की दिलचस्प कहानी जब स्वतंत्रता की लालसा अपनी चरम सीमा पर पहुँचती है, तब अवरोध, उपेक्षा और पीड़ा का कोई मोल नहीं रह जाता।...

Muni Shri Parshwasundar Vijayji Maharaj Saheb
Sep 24, 20252 min read


बादल फट रहा है, या बादल को फाड़ा जा रहा है?
जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले में बादल फटने से तबाही... कठुआ में बादल फटने पर हुई तबाही... हिमाचल प्रदेश से भी ऐसी ही खबरें आयी थी। चमौली...

Panyas Shri Nirmohsundar Vijayji Maharaj Saheb
Sep 18, 20256 min read


कुछ अनकही अनसुनी बातें – 2
गतांक में हमने देखा कि जिस व्यक्ति को लोग खूंखार, हिंसक और क्रूर जैसे उपनामों से जानते थे - वही अकबर कैसे दयालु, अहिंसक और परोपकारी...

Muni Shri Tirthbodhi Vijayji Maharaj Saheb
Jul 3, 20253 min read


भगवान के प्रति राग या प्रेम?
यह एक बौद्ध साध्वी की बहुत सुंदर घटना है। उस साध्वी के पास गौतम बुद्ध की एक छोटी लेकिन अत्यंत सुंदर स्वर्ण प्रतिमा थी। वह उस प्रतिमा से...

Panyas Shri Rajsundar Vijayji Maharaj Saheb
Jan 10, 20253 min read


केस रामायण-महाभारत का
छगन वकील को मगन ने पूछा, “रामायण-महाभारत के बारे में क्या जानते हो?” छगन: “महाभारत में लैंड डिस्प्यूट का मामला था, सिविल केस था। रामायण...

Aacharya Shri Ajitshekhar Suriji Maharaj Saheb
Dec 3, 20242 min read


महानायक खारवेल Ep. 15
( वनवासी कामरू अपनी प्रेयसी किंकिणी के ज़िद के कारण कौमुदी उत्सव में आया है। और यहाँ पर माणवक हर साल की तरह कथा करने का प्रारंभ करता है।...

Muni Shri Tirthbodhi Vijayji Maharaj Saheb
Nov 24, 20246 min read


महानायक खारवेल Ep. 14
आज का वसंतोत्सव फीका साबित होने वाला है। बप्पदेव सोच रहा था। बप्पदेव महाराज वृद्धराज के प्रधान सेनापति वप्रदेव का पुत्र था। उसकी और...

Muni Shri Tirthbodhi Vijayji Maharaj Saheb
Nov 17, 20245 min read


पेट है या क़ब्रस्तान?
कुछ अभक्ष्य पदार्थों की सूचि नीचे दी जा रही है। 1. जिलेटीन : यह प्राणियों की हड्डी का पाउडर है। इसका उपयोग जेली, आइस्क्रीम,...

Gachhadhipati Shri Rajendra Suriji Maharaj Saheb
Nov 14, 20244 min read


महानायक खारवेल Ep. 13
कलिंग जनपद की राजधानी तोसाली नगरी उत्सव में मग्न बन गई थी। यद्यपि एक जमाने में जिस प्रकार से महोत्सव मनाये जाते थे, वैसे तो कई बरसों से...

Muni Shri Tirthbodhi Vijayji Maharaj Saheb
Nov 11, 20244 min read


सारे भगवान की जय
चिंटू : “पिंटू! तू मेरा भी रिजल्ट देख कर आना। मैं पापा के साथ बैठा रहूँगा। यदि एक विषय में फेल हुआ तो जय श्रीकृष्ण कहना, दो विषय में उड़ा...

Aacharya Shri Ajitshekhar Suriji Maharaj Saheb
Oct 16, 20242 min read


Mahanayak Kharvel Ep 10
( Arya Suhastisuriji, while conversing with Emperor Samprati and his sages, says, “Get well, Vatsa! Today I have to tell you and my...

Muni Shri Tirthbodhi Vijayji Maharaj Saheb
Oct 2, 20244 min read


Happiness Formula
एक गाँव में एक कुत्ता रहता था। एक दिन स द नसीब से उस कुत्ते को किसीने बहुत अच्छी-सी बड़ी रोटी दी। पूरी रोटी मिलने पर कुत्ता तो खुश-खुशहाल...

Muni Shri Krupashekhar Vijayji Maharaj Saheb
Sep 22, 20242 min read


वर्तमान मुद्रा का झटका
तीन समाचार... वोर्निंग बेल बजाते हुए मेरे कान पर टकराये, तो मैंने सोचा, आपको जगाने के लिए मैं भी एक बेल बजा दूँ। 1. 9, March-2024,...

Panyas Shri Nirmohsundar Vijayji Maharaj Saheb
Sep 16, 20245 min read
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